चित्रकूट। भरतकूप थाना क्षेत्र में ई-रिक्शा चालक मनोज पाल के अपहरण के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, संपत्ति के विवाद में मनोज पाल की हत्या की साजिश रची गई थी। मामले में पुलिस ने घटना में प्रयुक्त आई-20 कार समेत चार मोबाइल फोन और 2400 रुपये बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक चित्रकूट अरुण कुमार सिंह के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अपर पुलिस अधीक्षक पीयूष कान्त राय और क्षेत्राधिकारी नगर सत्येन्द्र सिंह के पर्यवेक्षण में एसओजी/सर्विलांस प्रभारी एम.पी. त्रिपाठी, प्रभारी निरीक्षक भरतकूप विनोद कुमार राय एवं पुलिस टीम ने कार्रवाई की।
पुलिस के अनुसार, 19 अगस्त 2026 को मनोज पाल ई-रिक्शा चलाने के लिए कर्वी गया था, लेकिन देर शाम तक घर नहीं लौटा। परिजनों ने तलाश शुरू की तो 20 अगस्त को उसका ई-रिक्शा चौहान ढाबा के पास कर्वी रोड किनारे खड़ा मिला। वहां मौजूद एक व्यक्ति ने बताया कि शाम करीब 7:30 बजे कुछ लोग मनोज को जबरन चार पहिया वाहन में बैठाकर ले गए थे। इसके बाद भरतकूप थाने में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, घटना में प्रयुक्त वाहन के नंबर, वाहन स्वामी की जानकारी, मोबाइल लोकेशन और गवाहों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। पुलिस को 24 अगस्त को सूचना मिली कि अपहरण की घटना से जुड़े आरोपी गोड़ा मोड़ के पास आई-20 कार के साथ मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर चार आरोपियों को रात करीब 2:35 बजे गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हिमांशु पाल (26), उसके पिता अनिल पाल (45), रोहित साहू (21) और राजू पाल (30) के रूप में हुई है। सभी आरोपी महोबा जनपद के रहने वाले बताए गए हैं।



